बिलासपुर में SSP रजनेश सिंह का ‘ऑपरेशन फील्ड’: 20 पुलिसकर्मी दफ्तर से बेदखल, अब सड़कों पर मचेगा अपराधियों में हड़कंप
बिलासपुर में SSP का 'ऑपरेशन खदेड़ा': दफ्तर की कुर्सी छोड़ 20 पुलिसवाले उतरे सड़क पर, अब नशे के सौदागरों की खैर नहीं

बिलासपुर में SSP रजनेश सिंह का ‘ऑपरेशन फील्ड’: बिलासपुर पुलिस ने अपराधियों को सीधी चुनौती दे दी है। SSP रजनेश सिंह ने अपने मास्टरस्ट्रोक से डायल-112 और SP ऑफिस में फाइलें संभाल रहे 20 जवानों को कुर्सी से उठाकर सीधे ‘क्राइम के मैदान’ में उतार दिया है। अब ये खाकीधारी दफ्तर की AC छोड़कर नशे के सौदागरों और अवैध धंधेबाजों की नींद उड़ाएंगे।

क्यों लिया गया ये तगड़ा फैसला?
अब तक SP ऑफिस और डायल-112 में बैठे अनुभवी SI, ASI और आरक्षक सिर्फ कागजी कार्रवाई तक सीमित थे। SSP रजनेश सिंह ने साफ कहा – “बहुत हुई दफ्तरदारी, अब असली पुलिसिंग होगी।” इन 20 जवानों को पुलिस लाइन भेजकर एक ‘स्पेशल स्ट्राइक टीम’ बनाई गई है।
टीम का टारगेट लिस्ट:
नशे का नेटवर्क: गांजा, शराब, मादक पदार्थों के अड्डों पर ताबड़तोड़ छापे
अड्डेबाजी: शहर में जहां-जहां जमती है असामाजिक तत्वों की महफिल, वहां सीधा वार
अवैध कारोबार: सूचना मिली नहीं कि टीम पहुंची नहीं
किसके अंडर होगी ये ‘खास टीम’?
ये पूरी टीम सीधे ASP सिटी और ASP ग्रामीण को रिपोर्ट करेगी। मतलब हर एक्शन की मॉनिटरिंग ऊपर से होगी। कोई ढिलाई नहीं, सीधी जवाबदेही। पुलिस का मानना है कि इससे कार्रवाई में धार आएगी और अपराधियों तक मैसेज क्लियर जाएगा – “बिलासपुर पुलिस अब मूड में है।”
कौन-कौन गए पुलिस लाइन?
SI अल्फांस टोप्पो, ASI विरेंद्र तिवारी समेत आरक्षक गीता दास, वेदप्रकाश साहू, सत्यादास टंडन, प्रिया शुक्ला, हरेंद्र सिंह राजपूत, चंद्रेश कश्यप, उत्तम साहू, वनकुमार पटेल, मिष्ठी पांडेय, पांचो बाई, शोभा तिर्की, शबाना तबस्सुम कुरैशी, स्वाति सिंह ठाकुर, अर्चना राठौर, संतोषी तंबोली, मो. जाफर, आरती सिंह और रामिन साहू – ये सभी अब फाइल नहीं, फील्ड संभालेंगे।
SSP का दो-टूक मैसेज
SSP रजनेश सिंह ने दो टूक कहा कि जिले में अपराध के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति है। अतिरिक्त बल को सक्रिय कर दिया गया है। अब दफ्तरों में बैठने का समय खत्म। पुलिस अब जहां अपराध होगा, वहीं दिखेगी।
बिलासपुर में अब खाकी का रुख बदल गया है। दफ्तर से निकली ये 20 जोड़ी आंखें अब हर गली, हर अड्डे पर नजर रखेंगी। अपराधियों के लिए साफ संकेत है – बचकर रहना, पुलिस अब सड़क पर है।




