बेलगहना सेक्टर में भ्रष्टाचार का बवंडर: आंगनबाड़ी प्रभारी की तानाशाही से त्रस्त कार्यकर्ताएं, एसडीएम के दरबार में न्याय की गुहार
अवैध वसूली, गाली-गलौज और बच्चों के हक पर डाका - सेक्टर प्रभारी कीर्ति किरण मोंगरे पर संगीन आरोपों की बौछार, परियोजना अधिकारी ने माना मामला गंभीर, जांच के बाद होगी कड़ी कार्रवाई

बिलासपुर / कोटा (बेलगहना), 13 अप्रैल 2026: महिला एवं बाल विकास विभाग की सबसे जमीनी इकाई आंगनबाड़ी में भ्रष्टाचार का दीमक लग चुका है। कोटा ब्लॉक के बेलगहना सेक्टर में हालात इस कदर बिगड़ गए हैं कि खुद आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अपनी सेक्टर प्रभारी के खिलाफ मोर्चा खोलना पड़ा। अवैध वसूली, मानसिक प्रताड़ना, दुर्व्यवहार और बच्चों के निवाले तक पर डाका डालने के गंभीर आरोपों से घिरी सेक्टर प्रभारी श्रीमती कीर्ति किरण मोंगरे के खिलाफ कार्यकर्ताओं का गुस्सा मंगलवार को फूट पड़ा।

दर्जनों की संख्या में एकजुट होकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताएं सीधे ब्लॉक मुख्यालय कोटा पहुंचीं और प्रशिक्षु आईएएस एवं एसडीएम टी. अरविंद कुमार के सामने अपनी पीड़ा रखी। कार्यकर्ताओं ने लिखित शिकायत पत्र सौंपकर सेक्टर प्रभारी को तत्काल हटाने और आपराधिक कार्रवाई की मांग की।

क्या हैं आरोप: वसूली से लेकर बच्चों के खिलौनों तक पर भ्रष्टाचार का साया

शिकायत पत्र में सेक्टर प्रभारी पर सिलसिलेवार आरोपों की लंबी फेहरिस्त है:
हर काम के बदले पैसा: कार्यकर्ताओं का आरोप है कि सेक्टर प्रभारी हर छोटे-बड़े सरकारी काम के नाम पर उनसे पैसों की मांग करती हैं। इनकार करने पर गाली-गलौज और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता है।
खेल सामग्री में खेल: बच्चों की खेल सामग्री के परिवहन व्यय के नाम पर हर केंद्र से अनावश्यक राशि वसूली जा रही है।
बच्चों से खिलौने छीने: कृष्ण नगर बेलगहना-01 की कार्यकर्ता ने आरोप लगाया कि उनके केंद्र को यह कहकर खिलौने नहीं दिए गए कि यहां बच्चे ही नहीं आते। इस वजह से बच्चों को मिलने वाली बुनियादी सुविधाएं भी नहीं मिल पा रही हैं।
रिपोर्ट के नाम पर वसूली: मासिक रिपोर्ट भरने के नाम पर प्रति केंद्र ₹20 की अवैध वसूली का आरोप है।
सुपोषण में गड़बड़ी: सुपोषण चौपाल की चार माह की राशि में भारी अनियमितता बरती गई है।
टीए बिल में कटौती: छह माह के टीए बिल की राशि का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा दबाव बनाकर वसूल लिया गया।
भोजन से वंचित: एक कार्यकर्ता को जानबूझकर भोजन से वंचित करने का अमानवीय आरोप भी लगा है। जब परिजनों ने हस्तक्षेप किया तो उनके साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया।

प्रशासन हरकत में, जांच का आश्वासन
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के भारी आक्रोश और सामूहिक विरोध को देखते हुए प्रशासन हरकत में आ गया है। एसडीएम कोटा टी. अरविंद कुमार ने कार्यकर्ताओं का शिकायत पत्र गंभीरता से लिया और भरोसा दिलाया कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। जांच में दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कड़ी से कड़ी कार्रवाई होगी।

वहीं महिला एवं बाल विकास विभाग की परियोजना अधिकारी श्रीमती सुरुचि श्याम ने भी शिकायत मिलने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि सेक्टर प्रभारी के खिलाफ लगे आरोप बेहद गंभीर हैं। मामले की पूरी जानकारी उच्च अधिकारियों को भेज दी गई है। जांच उपरांत जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

कार्यकर्ताओं में उबाल, तानाशाही रवैये का आरोप
बेलगहना सेक्टर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का कहना है कि सेक्टर प्रभारी का रवैया पूरी तरह तानाशाही भरा है। विभागीय कामकाज में पारदर्शिता नहीं है और लगातार मानसिक शोषण किया जा रहा है। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन के लिए बाध्य होंगी।

फिलहाल पूरे कोटा ब्लॉक में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सबकी निगाहें प्रशासन की जांच और उस पर होने वाली कार्रवाई पर टिकी हैं।




